स्वीडन में मस्जिद के सामने कुरान जलाने वाले सलवान मोमिका को मौत के घाट उतार दिया गया है। बुधवार शाम को कुछ लोगों ने उनकी हत्या कर दी। 38 वर्षीय सलवान को स्टॉकहोम के सोडरटेलजे में एक अपार्टमेंट में घुसकर गोली मारी गई।
जिस वक्त उन्हे मारा गया उस वक्त वह टिकटॉक पर लाइव थे। बताया जा रहा है कि वह नास्तिक थे साल 2023 में ईद के दिन स्टॉकहोम की सबसे बड़ी मस्जिद के सामने उसने कुरान जलाया था। इस वजह से मुस्लिम देशों ने स्वीडन के खिलाफ प्रदर्शन भी किया था।
सलवान इतने पर ही नहीं रुके थे उन्होंने कई बार कुरान को जलाया भी। कुरान के पन्नो पर सूअर का मांस रखने का भी उन पर आरोप है। उन्होंने कुरान को अपने पैरों से कुचला। सलवान का हत्यारा कौन है यह भी नहीं पता चला है।सलवान की हत्या सोशल मीडिया पर ट्रेंड भी कर रही है। भारत में राइट विंग समर्थित लोगों का कहना है कि हिंदुओं को भी अब सतर्क हो जाना चाहिए क्योंकि मुस्लिम अपना बदला लेना नहीं भूलते।
सलवान मोमिका और उसके दोस्त सलवान नजीम की आज कोर्ट में पेशी थी। उनके ऊपर अपने देश में इस्लाम के खिलाफ नफरत फैलाने का आरोप लगा था। 31 जनवरी को फैसला आने से पहले ही लोगों ने उसकी जिंदगी का फैसला कर दिया। सलवान इराक में असीरियन-अरामी जो कि ईसाई समुदाय है, उससे ताल्लुक रखता था। अभिव्यक्ति की आजादी के नाम पर सलवान यह काम करता था। उसका मानना था कि मुस्लिम धर्म के विचार और मान्यता दुनिया के लिए सही नहीं है।